PM-Kisan: 18वीं किस्त से बिहार में 13 लाख किसान वंचित, जानिए पीएम किसान सम्मान निधि योजना किस्त से जुड़े मुख्य कारण

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM-Kisan) ने देशभर के किसानों को राहत प्रदान की है, खासकर उन किसानों को जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं। इस योजना के तहत किसानों को सालाना ₹6000 की आर्थिक …

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM-Kisan) ने देशभर के किसानों को राहत प्रदान की है, खासकर उन किसानों को जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं। इस योजना के तहत किसानों को सालाना ₹6000 की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है, जो तीन किस्तों में वितरित की जाती है। लेकिन हाल ही में, बिहार में 13 लाख से अधिक किसान इस योजना की 18वीं किस्त से वंचित रह गए हैं।

क्या है प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना?

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, जिसे फरवरी 2018 में शुरू किया गया था, का उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है। इस योजना के तहत प्रत्येक किसान को ₹6000 प्रति वर्ष की राशि तीन बराबर किस्तों में दी जाती है। इस योजना का मकसद किसानों की आय में सुधार करना और उनकी वित्तीय स्थिति को मजबूत करना है।

बिहार में 18वीं किस्त में 13 लाख किसान वंचित क्यों हुए?

13 lakh farmers in Bihar are deprived of the 8th installment
बिहार में 18वीं किस्त

हाल ही में जारी 18वीं किस्त में बिहार के 76 लाख किसानों के बैंक खातों में ₹2000 की राशि जमा की गई, लेकिन 13 लाख किसान इस किस्त से वंचित रह गए। इसके पीछे कई कारण सामने आए हैं:

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  1. आधार कार्ड लिंक न होना: बहुत से किसानों के आधार कार्ड उनके बैंक खातों से लिंक नहीं हैं, जिसके कारण उन्हें इस योजना का लाभ नहीं मिल पाया है।
  2. एक परिवार के कई सदस्य लाभार्थी: जांच में पाया गया कि एक ही परिवार के कई सदस्यों ने एक ही राशन कार्ड पर योजना का लाभ उठा लिया, जो नियमों के खिलाफ है। इस कारण इन लाभार्थियों को 18वीं किस्त से बाहर कर दिया गया।
  3. पात्रता की गलत जानकारी: कई ऐसे किसान जो आयकर दाता हैं, वे इस योजना के अंतर्गत नहीं आते, फिर भी उन्होंने इसका लाभ उठाया। इन किसानों से राशि वापस लेने के निर्देश भी दिए गए हैं।

कृषि विभाग की जांच और सुधार की प्रक्रिया

13 lakh farmers in Bihar 8th installment
कृषि विभाग की जांच और सुधार की प्रक्रिया

कृषि विभाग ने इस मुद्दे को सुलझाने के लिए सभी जिलों के डीएम से जांच रिपोर्ट मांगी है। योजना में आई गड़बड़ियों को ठीक करने के लिए आधार कार्ड लिंक की प्रक्रिया को तेज किया जा रहा है और पात्रता की शर्तों का पुनः मूल्यांकन किया जा रहा है। इसके अलावा, विभाग ने उन किसानों को भी नोटिस जारी किए हैं जो पात्र नहीं होते हुए भी योजना का लाभ ले रहे थे।

किसानों के लिए क्या करें?

वंचित किसान अपने आधार कार्ड को बैंक खाते से तुरंत लिंक करें और कृषि विभाग की वेबसाइट पर अपनी पात्रता की पुष्टि करें। इसके अलावा, यदि किसी किसान के परिवार में एक से अधिक लोग इस योजना का लाभ उठा रहे हैं, तो उन्हें जल्द से जल्द इसकी जानकारी विभाग को देनी चाहिए, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े।

निष्कर्ष

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण योजना है, जिसका उद्देश्य उनकी वित्तीय स्थिति में सुधार लाना है। लेकिन पात्रता और दस्तावेजों में गड़बड़ियों के कारण कई किसान इसका लाभ नहीं उठा पा रहे हैं। सरकार और कृषि विभाग इन समस्याओं को हल करने के लिए तेजी से काम कर रहे हैं, ताकि हर पात्र किसान को योजना का लाभ मिल सके।

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